नई दिल्ली: डॉ. अंबेडकर अंतरराष्ट्रीय केंद्र, नई दिल्ली में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय के दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग (DEPwD), भारत सरकार और ब्रह्माकुमारीज़ की सहयोगी संस्था राजयोग एजुकेशन एंड रिसर्च फाउंडेशन (RERF) Divyangjan Seva Wing के बीच “ दिव्यांगजन समानता, संरक्षण एवं सशक्तिकरण अभियान (DISSSA)” के शुभारंभ के अवसर पर आयोजित समझौता ज्ञापन (MoU) हस्ताक्षर समारोह सम्पन्न हुआ।
डॉ. वीरेंद्र कुमार ने विश्वास व्यक्त किया कि RERF और उससे जुड़ी संस्थाओं का अनुभव, व्यापक पहुँच और नेटवर्क दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण में महत्वपूर्ण योगदान देगा। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि जब कोई दिव्यांगजन सशक्त होता है, तो उसका लाभ केवल उस व्यक्ति तक सीमित नहीं रहता, बल्कि परिवार, समाज और अंततः राष्ट्र भी सशक्त होता है।
केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री श्री बी.एल. वर्मा ने इस अवसर को सामाजिक सेवा, समानता और समावेशिता की दिशा में एक सार्थक कदम बताया।
ब्रह्माकुमारीज़ की प्रबंधन समिति की सदस्य राजयोगिनी बी.के. आशा दीदी ने बताया कि संस्था पिछले 18 वर्षों से दिव्यांगजनों, विशेषकर दिव्यांग बच्चों एवं युवाओं के सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। इस अवधि में Rajyogi BK Suryamani ji (National Coordinator, Divyangjan Seva Wing) ने समर्पित कार्यक्रमों और व्यापक प्रशिक्षण मॉड्यूल का विकास किया है। दो समर्पित वैन के माध्यम से प्रशिक्षित टीमें स्थानीय प्रशासन और संबंधित शैक्षणिक संस्थानों की अनुमति एवं सहयोग से दिव्यांगजन स्कूलों और कॉलेजों तक पहुँचकर प्रशिक्षण एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं । दिव्यांग विद्यार्थियों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए ब्रेल आधारित शैक्षणिक सामग्री, शिक्षण बोर्ड, खेल तथा अन्य प्रशिक्षण सामग्री विकसित की गई है, जिनके माध्यम से प्रशिक्षण के साथ-साथ एकाग्रता, आत्मविश्वास और व्यक्तित्व विकास को बढ़ावा दिया जाता है। माउंट आबू में राष्ट्रीय स्तर के सम्मेलन एवं सेमिनार भी आयोजित किए जाते हैं, जिनमें दिव्यांगजन बहुदिवसीय कार्यक्रमों में भाग लेते हैं और सशक्तिकरण एवं आत्मनिर्भरता पर केंद्रित विभिन्न गतिविधियों एवं प्रशिक्षणों से लाभान्वित होते हैं। उन्होंने MoU के माध्यम से विभाग द्वारा प्रदान किए गए औपचारिक संस्थागत सहयोग के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे इन सेवाओं को अधिक संख्या में दिव्यांग बच्चों एवं युवाओं तक पहुँचाने में सहायता मिलेगी।
अपने स्वागत संबोधन में दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के संयुक्त सचिव श्री राजीव शर्मा ने कहा कि DISSSA पहल सरकारी प्रयासों को ब्रह्माकुमारीज़ और RERF के अनुभव तथा व्यापक पहुँच के साथ जोड़ने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करती है। उन्होंने कहा कि ध्यान, राजयोग और रिलैक्सेशन जैसी गतिविधियों के क्षेत्र में सहयोगी संस्थाओं की विशेषज्ञता दिव्यांग बच्चों के समग्र विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती है तथा मानसिक कल्याण, आत्मविश्वास, एकाग्रता और सकारात्मक सोच को बढ़ावा दे सकती है।
अभियान को विभिन्न राज्यों में प्रशिक्षित टीमों के माध्यम से लागू किया जाएगा और इसमें दृष्टिबाधित, श्रवणबाधित, अधिगम संबंधी तथा बौद्धिक दिव्यांगता सहित विभिन्न प्रकार की दिव्यांगताओं वाले व्यक्तियों को शामिल किया जाएगा। विभिन्न राज्यों के लिए अलग-अलग टीमें गठित की जाएँगी और कार्यक्रमों को क्षेत्रीय भाषाओं में संचालित किया जाएगा, ताकि पहुँच और स्थानीय स्तर पर प्रभाव को और मजबूत किया जा सके। DEPwD और RERF के बीच यह MoU सरकारी संसाधनों, सामुदायिक नेटवर्क तथा सामाजिक, आध्यात्मिक एवं शैक्षिक संस्थाओं की विशेषज्ञता को एक साथ लाकर जमीनी स्तर पर सेवाओं की पहुँच और प्रभाव को मजबूत करने का प्रयास है।
कार्यक्रम में ब्रह्माकुमारीज़ की प्रबंधन समिति की सदस्य राजयोगिनी बी.के. आशा दीदी, राजयोग एजुकेशन एंड रिसर्च फाउंडेशन के दिव्यांगजन सेवा विंग के उपाध्यक्ष राजयोगी बी.के. ललित भाई, राजयोगिनी बी.के. विधात्री, राजयोगिनी बी.के. रजनी एवं राजयोगिनी बी.के. प्रीति सहित अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने सहभागिता की। दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग की ओर से श्री विनीत सिंघल, निदेशक; श्री मनीष कुमार मिश्रा, अवर सचिव तथा मीडिया प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।



