गाडरवारा,मध्य प्रदेश। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के तत्वावधान में ब्रह्माकुमारीज लक्ष्मी टाउनशिप, गाडरवारा में 1 अक्टूबर को “संगम गौरवपूर्ण वृद्ध अवस्था एवं सम्मानित जीवन” विषय पर वरिष्ठजनों के सम्मान में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम स्नेह, सम्मान, आध्यात्मिकता, संस्कार एवं उमंग से परिपूर्ण रहा।
कार्यक्रम में भाजपा के वरिष्ठ सदस्य एवं समाजसेवी अनूप जैन जी, पेंशनर समाज गाडरवारा के अध्यक्ष महेश जी नेमा, राम रोटी संस्थान से विशाल सिंह जी ठाकुर, समाजसेवी श्याम जी राठी एवं जी.एस. कौरव (कदम संस्था सदस्य) सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम में ब्रह्माकुमारीज गाडरवारा की प्रभारी ब्रह्माकुमारी उर्मिला दीदी जी, ब्रह्माकुमारी वंदना दीदी जी एवं ब्रह्माकुमारी अंजना दीदी जी की गरिमामयी उपस्थिति रही।
कार्यक्रम में उपस्थित सभी वरिष्ठजनों का संस्था की ओर से आत्मीय एवं गरिमामय सम्मान किया गया। वरिष्ठजनों को सम्मान पट्टा पहनाकर, बैज लगाकर एवं आध्यात्मिक साहित्य भेंट किया गया तथा प्रभु प्रसाद अर्पित कर उनका अभिनंदन किया गया। सम्मान प्राप्त कर वरिष्ठजनों के चेहरे पर खुशी और आत्मीयता की झलक दिखाई दी।
कार्यक्रम में बच्चों ने वरिष्ठजनों के सम्मान में सुंदर गीतों पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किए। गीत एवं नृत्य के माध्यम से बच्चों ने बुजुर्गों के प्रति प्रेम, आदर और कृतज्ञता की भावना को सुंदर ढंग से अभिव्यक्त किया। वरिष्ठजनों ने तालियों के साथ बच्चों का उत्साहवर्धन किया।
इसके साथ ही वरिष्ठजनों के लिए विभिन्न रचनात्मक एवं मनोरंजक गतिविधियां आयोजित की गईं, जिनमें उन्होंने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। इन गतिविधियों के माध्यम से वरिष्ठजनों में उमंग, उत्साह और सकारात्मकता का संचार हुआ तथा कार्यक्रम का वातावरण आनंदमय बना रहा।
इस अवसर पर ब्रह्माकुमारी उर्मिला दीदी जी ने वरिष्ठजनों के सम्मान को जीवन के संस्कारों का महत्वपूर्ण हिस्सा बताते हुए उपस्थित युवाओं एवं सभी लोगों को प्रेरित किया कि परिवार में बुजुर्गों का सम्मान, स्नेह और आदर सदैव बना रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि वरिष्ठजन परिवार और समाज की अमूल्य धरोहर हैं। उनके जीवन के अनुभव और संस्कार नई पीढ़ी के लिए मार्गदर्शन एवं प्रेरणा का महत्वपूर्ण स्रोत हैं।
उर्मिला दीदी जी ने वरिष्ठजनों को भी सदैव सकारात्मक सोच रखने, प्रसन्न रहने और अपने अनुभवों से परिवार एवं समाज को सकारात्मक दिशा देने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि उम्र जीवन की यात्रा का एक पड़ाव है, जबकि मन में उमंग, उत्साह और सकारात्मकता बनाए रखकर जीवन को सदैव आनंदमय बनाया जा सकता है।
कार्यक्रम के दौरान ब्रह्माकुमारी वंदना दीदी जी ने सभी उपस्थितजनों को राजयोग मेडिटेशन कराया। सहज एवं सरल विधि से उन्होंने सभी को आत्मिक शांति, सकारात्मकता एवं परमात्म-स्मृति की सुंदर और गहन अनुभूति कराई। राजयोग मेडिटेशन के दौरान पूरा वातावरण शांत एवं आध्यात्मिक हो गया और उपस्थितजनों ने शांति एवं सुकून का अनुभव किया।





