मुख पृष्ठराज्यमहाराष्ट्रमुंबई घाटकोपर: ब्रह्माकुमारीज़ योग भवन द्वारा 'नवदशकोत्सव' 90वीं त्रिमूर्ति शिव जयंती के...

मुंबई घाटकोपर: ब्रह्माकुमारीज़ योग भवन द्वारा ‘नवदशकोत्सव’ 90वीं त्रिमूर्ति शिव जयंती के उपलक्ष्य में भव्य महाशिवरात्रि महोत्सव सम्पन्न

मुंबई घाटकोपर, महाराष्ट्र। ब्रह्माकुमारीज़ योग भवन द्वारा 14, 15 एवं 16 फरवरी 2026 को “नवदशकोत्सव” 90वीं त्रिमूर्ति शिव जयंती के उपलक्ष्य में तीन दिवसीय महाशिवरात्रि महोत्सव का भव्य एवं आध्यात्मिक आयोजन ब्रह्माकुमारीज़ पीस पार्क में सम्पन्न हुआ।
महोत्सव की शुरुआत 12 ज्योतिर्लिंगम रैली द्वारा हुई | कार्यक्रम में 24 फीट विशाल दिव्य शिवलिंग के दर्शन विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। साथ ही होलोग्राफिक शो, ‘ओम’ चैटिंग, महाआरती, शिव महिमा पर आधारित दिव्य नृत्य-नाटिका एवं सूर – संगम संगीत संध्या ने वातावरण को और ही भक्तिमय बना दिया।
इस पावन अवसर पर राजयोगिनी ब्रह्माकुमारी शकू दीदी जी – प्रभारी ब्रह्माकुमारीज घाटकोपर सबज़ोन, राजयोगी ब्रह्माकुमार निकुंज – आध्यत्मिक प्रेरक वक्ता, सुप्रसिद्ध स्तंभकार जिनके 9000 से अधिक लेख प्रकाशित है और ब्रह्माकुमारीज के मीडिया एवं जन संपर्क सेवाओं के राष्ट्रिय समन्वयक, मुंबई की नवनिर्वाचित महापौर – रितु तावड़े
जी, नगरसेवक एवं महाराष्ट्र प्रदेश भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता – भालचंद्र शिरसाट जी , भाजपा मुंबई के सचिव प्रवीण छेड़ा जी, भाजपा कुर्ला विधानसभा की अध्यक्ष विद्या गायकवाड़ जी, एडवोकेट गांधी जी – मुख्य विधिक सलाहकार, महाराष्ट्र राज्य विद्युत वितरण कंपनी उपस्थित थे, साथ ही वरिष्ठ राजयोग शिक्षिका ब्रह्माकुमारी विष्णुप्रिया सहित अनेक गणमान्य अतिथि की गरिमामयी उपस्थिति रही।
अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में शकू दीदी जी ने कहा कि महाशिवरात्रि आत्मजागृति और परमात्म-स्मृति का पर्व है। शिव बाबा के ज्ञान और राजयोग साधना के माध्यम से आत्मा अंधकार से प्रकाश की ओर अग्रसर होती है। राजयोगी निकुंज ने वर्तमान समय में आध्यात्मिक मूल्यों, आत्म-सम्मान एवं सकारात्मक चिंतन की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।
रितु तावडे जी ने ब्रह्माकुमारीज के कार्य की सराहना करते हुए मेडिटेशन का जीवन में महत्व बताते हुए कहा कि आज के व्यस्त और तनावपूर्ण जीवन में मेडिटेशन का विशेष महत्व है, क्योंकि यह मन को शांति, स्थिरता और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करता है। उन्होंने यह भी संकल्प किया कि वे मुंबई की सेवा पूरे समर्पण, ईमानदारी और सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ करेंगी तथा शहर के विकास के लिए निरंतर कार्यरत रहेंगी।
महोत्सव में तीनों दिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया – सरस्वती स्वर संगीत साधना द्वारा भजन संध्या,
शिव महिमा पर आधारित कल्चरल कार्यक्रम और फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता का आयोजन हुआ । शिव जयंती – शिव बाबा के दिव्य अवतरण का यादगार पर्व है, और हम ब्राह्मण बच्चों के अलौकिक जन्म का भी प्रतीक है। इसलिए, अनेक बीके भाई-बहनों ने इस दिन केक काटकर अपना अलौकिक जन्मदिन मनाया।
शिव बाबा का ध्वज बड़े ही भव्य रूप से फहराया गया, जो सत्य, शांति और पवित्रता की विजय का प्रतीक है। विशेष नवदशकोत्सव के उपलक्ष्य में 90 आमंत्रित मेहमानों द्वारा शिव ध्वजारोहण किया गया |
तीनों दिनों में हजारों श्रद्धालुओं एवं नगर वासियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। कन्याओं, माताओं एवं वरिष्ठ नागरिकों द्वारा महाआरती विशेष आकर्षण रही। कार्यक्रम का समापन विश्व शांति एवं सुख-समृद्धि की कामना के साथ हुआ।

RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments