छतरपुर,मध्य प्रदेश। ”विश्व स्वास्थ्य दिवस” के पावन अवसर पर ब्रह्माकुमारीज़ छतरपुर द्वारा एक प्रेरणादायी पहल करते हुए विभिन्न विभागों के डॉक्टरों से आत्मीय मुलाकात की गई। इस दौरान डॉक्टर्स को ईश्वरीय प्रसाद एवं आध्यात्मिक सौगात भेंट कर उनके द्वारा निरंतर की जा रही निस्वार्थ सेवा के प्रति बहनों द्वाराकृतज्ञता व्यक्त की गई।
इस विशेष अवसर पर ब्रह्मकुमारी रीना बहन ने यही संदेश दिया कि वास्तविक स्वास्थ्य केवल शारीरिक स्वास्थ्य तक सीमित नहीं है, बल्कि मन की शांति, सकारात्मक सोच और आत्मा की पवित्रता भी उतनी ही आवश्यक है। राजयोग मेडिटेशन के माध्यम से व्यक्ति अपने भीतर की शक्ति को जागृत कर जीवन में संतुलन, शांति और सशक्तता का अनुभव कर सकता है। बहनों ने डॉक्टर से ज्ञान चर्चा करते हुए बताया कि कई बीमारी मेडिसिन से नहीं बल्कि मेडिटेशन से दूर हुई है।
इस मौके पर बहनों ने डॉक्टरों को माउंट आबू में आयोजित होने वाली मेडिकल कॉन्फ्रेंस में पार्टिसिपेट करने के लिए निमंत्रण दिया गया। जहाँ चिकित्सा और आध्यात्मिकता के समन्वय पर विशेष मंथन होगा।
डॉक्टर्स ने ऐसे आत्मिक और स्नेहपूर्ण मुलाकात की सराहना की और कहा कि आज के व्यस्ततम दिनचर्या में इतना समय निकालकर दूसरों को देना यह बहुत बड़ी सेवा है। इससे हमें भी अपने कार्यों को समर्पण और सेवा भाव के साथ करने की प्रेरणा मिलती है
यह सेवा समाज को एक सशक्त संदेश देता है कि जब विज्ञान और आध्यात्मिकता का संगम होता है, तब ही सम्पूर्ण स्वास्थ्य और सुखी जीवन की सच्ची नींव स्थापित होती है।














