*हम सबकी सुरक्षा में लगे हुए जवानों के जीवन में जो तनाव है उसे आध्यात्मिकता से दूर करना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है- रीटा दीदी( डायरेक्टर ब्रह्मा कुमारीज़ दुर्ग)
* जैसे हम अपने फिजिकल हेल्थ को ठीक रखते हैं वैसे हम अपने मेंटल हेल्थ को भी उसी लेवल पर रखें- विजय अग्रवाल ( SSP,DURG)
*ब्रह्माकुमारीज़ के आनंद सरोवर में आने से ही आनंद के साथ शांति का अनुभव हमेशा होता है-त्रिलोक बंसल (SP,STF Durg)
* छोटे बच्चों के पास दिमाग नहीं दिल है इसलिए दिन भर में छोटा बच्चा 400 बार मुस्कुराता है- बी.के. पुरुषोत्तम (वैज्ञानिक अधिकारी, J.W.M. मिसाईल एवं राकेट (रक्षा मंत्रालय)
दुर्ग, (छत्तीसगढ़)- प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के सुरक्षा सेवा प्रभाग (security services wing) के सफलतापूर्वक 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जिला पुलिस बल,एस.टी.एफ.(special Task force), बटालियन व नगर सैनिक के जवानों के लिए ब्रह्माकुमारीज़ के बघेरा स्थित “कमला दीदी सभागार” में “आत्म सशक्तिकरण से राष्ट्र सशक्तिकरण ” विषय पर प्रेरणादायी कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसमें जिला पुलिस बल,एन.सी. सी.व एस.टी.एफ. बटालियन व नगर सैनिक के 700 से अधिक जवान सम्मिलित हुए ।
इस अवसर पर विजय अग्रवाल (SSP Durg), त्रिलोक बंसल (SP,STF Durg), नागेद्र सिंह (कमान्डेन्ट,होमगार्ड दुर्ग), चन्द्रप्रकाश तिवारी (DSP दुर्ग), बी.के. पुरुषोत्तम( वैज्ञानिक अधिकारी, J.W.M. मिसाईल एवं राकेट (रक्षा मंत्रालय), बी.के. प्रिया (मेंटल वैलनेस स्पीकर मिलेट्री एवं एज्यूकेशनल एरिया), बी.के. शैलेन्द्र( माऊँट आबू राजस्थान) ब्रह्माकुमारी रीटा दीदी (डायरेक्टर ब्रह्माकुमारीज़ दुर्ग), ब्रह्माकुमारी रूपाली दीदी (मोटिवेशनल स्पीकर एवं वरिष्ठ राजयोग शिक्षिका ब्रह्माकुमारीज़ दुर्ग) उपस्थित थे ।
रजत जयंती के उपलक्ष्य में आये हुए सुरक्षा प्रभाग के अभियान का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। माऊँट आबू से पधारे बी. के.शैलेन्द्र ने ब्रह्माकुमारीज़ संस्था सहयोगी संस्था राजयोग एजुकेशन एंड रिसर्च फाऊंडेशन के सुरक्षा सेवा प्रभाग की पिछले 25 वर्षों की गतिविधी से सभी को अवगत कराया कि कैसे मूल्यनिष्ठ समाज की स्थापना हो । उसी लक्ष्य को लेकर सुरक्षा सेवा प्रभाग की 25 वर्षीय गौरवशाली यात्रा पर प्रकाश डालते हुए बताया कि वर्ष 2001 से प्रारंभ हुए इस प्रभाग ने देश भर में अनेक राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय सम्मेलन, प्रशिक्षण शिविर, सेमीनार तथा व्यक्तित्व विकास कार्यक्रम आयोजित किए है । इन कार्यक्रमों का लाभ सेना, पुलिस एवं सुरक्षा बलों के हज़ारों अधिकारियों एवं जवानों ने प्राप्त किया है । कार्यक्रम में एक वीडियो के माध्यम से उपस्थित सभी लोगों को सुरक्षा प्रभाग की गतिविधियों से अवगत कराया गया ।
ब्रह्माकुमारीज़ दुर्ग की डायरेक्टर रीटा दीदी ने अपने शब्द सुमन के द्वारा सभी का स्वागत करते हुए कहा वर्तमान समय सभी जवान जो हमारी व देश की सुरक्षा में लगे हुए हैं उनमें परिस्थितियों वश तनाव स्वाभाविक रूप से आता है तो हमारी भी नैतिक जिम्मेदारी होती है कि हमें जो आध्यात्मिक शिक्षा मिली है उसके द्वारा सभी को तनाव से मुक्त करें क्योंकि आध्यात्मिकता ही आत्मा की सुरक्षा करती है I आपने अपनी शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सभी स्वयं को व्यसनो एवं बुराइयों से मुक्त रखें एवं रजत जयंती पर आये हुए सुरक्षा प्रभाग के भाई-बहनों को अपनी बधाई दी ।
विजय अग्रवाल(SSP,DURG) ने कहा कि हमारे जीवन में कुछ एक ऐसी चीजें आती है जो प्रोफेशनल और पर्सनल लाइफ से जुड़ी होती है और वह हम लोगों के मेंटल हेल्थ को प्रभावित करती है हमारी जो मानसिक स्थिति है उसको प्रभावित करती है क्योंकि हम लोगों का सामना ऐसे लोगों से होता है जो समाज के लिए कष्टकारी होते हैं। आप चाहें नक्सलियों से सामना करें , अपराधियों से सामना करना पड़े या किसी अन्य लोगों से सामना करना पड़े ज्यादातर ऐसे लोग होते हैं जो समाज को कष्ट देने वाले होते हैं उनका निवारण करते-करते उनका सामना करते-करते उनके क्राइसिस को मैनेज करते-करते कई सारे मेंटल इश्यूज हम लोगों में भी डेवलप हो जाते हैं और सबसे बड़ी चीज है कि हम इन चीजों के शिकार हो गए पता ही नहीं लगता हैं। जैसे हम अपने फिजिकल हेल्थ को ठीक रखते हैं वैसे हम अपने मेंटल हेल्थ को भी उसी लेवल पर रखें। रिटायरमेंट के बाद हम लोगों को उसी समाज में जाकर पुनः मिलना है। हम अपने प्रोफेशनल लाइफ के इतने ज्यादा अभ्यस्त हो जाते हैं कि हम लोगों को रिटायरमेन्ट के बाद सोसाईटी में शामिल होने में भी बड़ी मुश्किलें होती है। अपने मेंटल हेल्थ को सही रखना ये बहुत जरूरी है ।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता बी.के.पुरुषोत्तम( वैज्ञानिक अधिकारी, मिसाईल एवं राकेट J.W.M (रक्षा मंत्रालय) ने जवानों को सम्बोधित करते हुए कहा कि संसार में इंसान सबसे जबरदस्त सुपर कंप्यूटर है इससे अच्छा सोफिस्टिकेटेड कंप्यूटर संसार में है ही नहीं तो यह वाला जो कंप्यूटर परमात्मा ने हमको इनबिल्ट दिया है बच्चों के पास वह है ही नहीं इसलिए मुस्कुराता है।परमात्मा कहते हैं मैं तुम्हें कुछ नहीं देता तुम जो संकल्प करते हो वही तुम्हारे पास वापस आता है इसलिए जीवन में अच्छा चाहते हैं, खुश रहना चाहते हैं तो वह औरों को दें वही आपके पास वापस आएगा ।
त्रिलोक बंसल (SP, STF, DURG) ने अपने उद्बोधन में कहा कि ब्रह्माकुमारीज़ के आनंद सरोवर में आने से ही आनंद के साथ शांति का अनुभव हमेशा होता है। पुलिस में कैसे हमारा वर्क लाइफ बैलेंस बिगड़ा हुआ होता है। जो यहां शांति का अनुभव होता है हमारे लिए ज्यादा आवश्यक है। इस कार्यक्रम से जो भी सीख लेकर जा रहे हैं उसे अपने जीवन में, अपने परिवार के लोगों के भी जीवन में इसको उपयोग करेंगे ताकि इसका भरपूर फायदा आपको मिल सके।
कार्यक्रम में पुलिस व एसटीएफ के अधिकारियों व जवानों को राजयोग मेडिटेशन अनुभूति वरिष्ठ राजयोग शिक्षिका रूपाली दीदी एवं प्रिया दीदी ने कराते हुए बताया जीवन में जो भी नकारात्मक बातें हैं उसे कैसे मन से पूर्णतः समाप्त कर जीवन में श्रेष्ठ विचारों को धारण करें कि परमात्मा का वरदानों रुपी हाथ सदा मेरे साथ है, मेरा चित्त बिलकुल शांत है। जीवन में जो भी परिस्थितियां आती है वह मुझे आगे बढ़ाने के लिए और अनुभवी बनाने के लिए आती है ऐसे भिन्न-भिन्न सकारात्मक विचार के द्वारा राजयोग मेडिटेशन की अनुभूति कराया ।
कार्यक्रम का सफल संचालन माउंट आबू से पधारे ब्रह्माकुमार शैलेंद्र भाई द्वारा किया गया व आपने बताया कि ब्रह्माकुमारीज़ के अंतरराष्ट्रीय मुख्यालय माउंट आबू (राजस्थान) में सुरक्षा प्रभाग से जुड़े सभी लोगों के लिए वर्ष में दो बार कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं जिसमें आप ब्रह्माकुमारी संस्था के किसी भी केंद्र में संपर्क करके माउंट आबू आ सकते हैं ।







