बीके मनीषा बहन ने गणेश जी के स्वरूप का आध्यात्मिक रहस्य बताया; समाज में सकारात्मकता और सद्भावना का दिया संदेश
इंदौर (बिजलपुर),मध्य प्रदेश। शिवालय सिंधी पंचायत, बिजलपुर (इंदौर) द्वारा गणपति महोत्सव के पावन अवसर पर ‘शिवालय’, बिजलपुर परिसर में एक भव्य सार्वजनिक कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय, बिजलपुर सेवा केंद्र को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में ब्रह्माकुमारीज़ की बीके मनीषा बहन (सह प्रभारी, इंदौर बिजलपुर) उपस्थित रहीं। कार्यक्रम की अध्यक्षता शिवालय सिंधी पंचायत के अध्यक्ष भ्राता पंकज राणा ने की, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रसिद्ध समाजसेवी बहन रितु खेमानी उपस्थित रहीं।
गणेश जी पर आध्यात्मिक रहस्य (बीके मनीषा बहन के विचार):
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता बीके मनीषा बहन ने श्री गणेश जी के विभिन्न अंगों एवं स्वरूपों का आध्यात्मिक रहस्य उजागर करते हुए कहा:
“श्री गणेश जी को विघ्नहर्ता और प्रथम पूज्य माना जाता है। उनके स्वरूप में जीवन प्रबंधन के गहरे आध्यात्मिक रहस्य छिपे हैं। गणेश जी का विशाल मस्तक हमें दूरदर्शिता और विशाल बुद्धि अपनाने की प्रेरणा देता है। उनके बड़े कान सुपा (छाज) की तरह हैं, जो सिखाते हैं कि हमें केवल काम की और सकारात्मक बातें ग्रहण करनी चाहिए तथा व्यर्थ व नकारात्मक बातों को बाहर छोड़ देना चाहिए।”
“उनकी छोटी आंखें सूक्ष्म दृष्टि और अंतर्मुखता का प्रतीक हैं, जबकि उनका ‘एकदंत’ एकाग्रता और दृढ़ संकल्प को दर्शाता है। यदि हम अपने दैनिक जीवन में इन दिव्य गुणों को धारण करें, तो जीवन के समस्त विघ्न-बाधाएँ स्वतः ही समाप्त हो जाएँगी और जीवन में सुख, शांति एवं समृद्धि का आगमन होगा।”
समारोह का समापन:
शिवालय सिंधी पंचायत के अध्यक्ष भ्राता पंकज राणा ने सभी अतिथियों एवं श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों से समाज में एकता, शांति और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। समाजसेवी बहन रितु खेमानी ने भी कार्यक्रम की सराहना की और समाज में आध्यात्मिक मूल्यों को अपनाने पर बल दिया।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय निवासियों, श्रद्धालुओं एवं गणमान्य नागरिकों ने हिस्सा लिया। महाआरती और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का गरिमामय समापन हुआ।


