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आबू रोड: विश्वकर्मा दिवस पर आबूरोड में कारीगरों का सम्मान एवं आध्यात्मिक प्रेरणा कार्यक्रम

“श्रेष्ठ निर्माण के साथ श्रेष्ठ विचार भी आवश्यक” — कर्मयोग, योग और सुरक्षित कार्यशैली का दिया संदेश

आबू रोड,राजस्थान। विश्वकर्मा दिवस के पावन अवसर पर ब्रह्माकुमारीज़ के संगम भवन, आबूरोड में विश्वकर्मा निर्माण विंग द्वारा कारीगरों, तकनीकी कर्मियों एवं निर्माण क्षेत्र से जुड़े कर्मयोगियों के सम्मान और आध्यात्मिक उत्थान के लिए विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में आबूरोड एवं आसपास के क्षेत्र में सेवा देने वाले कारीगरों को सम्मानित कर उनके योगदान के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई।

कार्यक्रम में बी.के. देऊ भाई ने कारीगरों का सम्मान किया तथा उनके परिश्रम और कुशलता की सराहना करते हुए कहा कि समाज और राष्ट्र के विकास में कारीगरों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। संगम भवन के सभी कार्यकर्ताओं ने कार्यक्रम को सफल बनाने में अपना दिल से सहयोग दिया। सम्मानित कारीगरों को भेंट एवं सौगात देकर उनका अभिनंदन किया गया।

विश्वकर्मा निर्माण विंग की ओर से कीर्ति भाई ने “विश्वकर्मा का जीवन-दर्शन” विषय पर प्रेरणादायी उद्बोधन देते हुए कहा कि सच्चा निर्माण केवल भवनों और संरचनाओं का निर्माण नहीं, बल्कि श्रेष्ठ विचारों, श्रेष्ठ संस्कारों और श्रेष्ठ समाज का निर्माण भी है। उन्होंने कारीगरों को प्रेरित किया कि वे अपने कौशल को ईमानदारी, निष्ठा और सकारात्मक सोच के साथ जोड़कर देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दें।

बी.के. पूजा बहन ने सभी को राजयोग का अनुभव कराया। योगाभ्यास के माध्यम से उपस्थित कारीगरों एवं कर्मयोगियों को आंतरिक शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव कराया गया। कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि जब कर्म में कुशलता के साथ मन में शांति और बुद्धि में श्रेष्ठ संकल्प जुड़ते हैं, तब कार्य स्वयं सेवा का रूप ले लेता है।

तपोवन में कारीगरों के लिए विशेष कार्यक्रम

ब्रह्माकुमारीज़ के तपोवन परिसर में कार्य करने वाले कारीगरों एवं तकनीकी कर्मियों के लिए भी विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में चीफ इंजीनियर भरत भाई ने कारीगरों को सम्मानित किया और कार्य करते समय तनाव, चिंता एवं मानसिक बोझ से मुक्त रहते हुए शांतचित्त होकर कार्य करने का संदेश दिया।

इस अवसर पर कीर्ति भाई ने कारीगरों को वर्तमान समय को श्रेष्ठ बनाने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि “श्रेष्ठ भविष्य की नींव आज के श्रेष्ठ कर्मों से रखी जाती है। इसलिए अपने वर्तमान को श्रेष्ठ बनाइए, क्योंकि यही श्रेष्ठ वर्तमान आने वाले सुंदर भविष्य का निर्माण करेगा।”

शांतिवन परिसर में भी विश्वकर्मा दिवस का विशेष आयोजन

शांतिवन परिसर में भी विभिन्न विभागों में विश्वकर्मा दिवस के अवसर पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। बिजली विभाग, कारपेंटरी विभाग सहित विभिन्न तकनीकी एवं निर्माण सेवाओं से जुड़े कारीगरों को उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।

कार्यक्रमों के माध्यम से कारीगरों को सुरक्षित कार्यशैली, ऊर्जा संरक्षण, संसाधनों के सदुपयोग और जिम्मेदारीपूर्ण कर्म के प्रति जागरूक किया गया। उन्हें प्रेरित किया गया कि कार्यस्थल पर सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए ऊर्जा एवं प्राकृतिक संसाधनों की बचत करें और अपने कौशल के माध्यम से राष्ट्र के विकास में सहभागी बनें।

“कारीगर केवल निर्माण नहीं करते, वे भविष्य की नींव रखते हैं”

विश्वकर्मा दिवस के इन आयोजनों ने यह प्रेरणादायी संदेश दिया कि हर औजार के पीछे एक कुशल हाथ, हर निर्माण के पीछे एक कर्मयोगी और हर सुंदर भविष्य के पीछे श्रेष्ठ कर्मों की शक्ति होती है। ब्रह्माकुमारीज़ के विश्वकर्मा निर्माण विंग का उद्देश्य कारीगरों एवं निर्माण क्षेत्र से जुड़े कर्मयोगियों को उनके कौशल के साथ-साथ आध्यात्मिक शक्ति, श्रेष्ठ संस्कार, सुरक्षा चेतना और सकारात्मक जीवन-दृष्टि से जोड़ना है।

कार्यक्रम में सम्मान, योग, प्रेरणा और सेवा का सुंदर संगम देखने को मिला, जिसने विश्वकर्मा दिवस को कर्मयोगियों के प्रति सम्मान एवं श्रेष्ठ निर्माण के संकल्प का विशेष अवसर बना दिया।

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